इंसान ही कहाँ था वो, जिसने गहरी बुनियाद के रिश्ते गहरे कुचल डालेवक़्त की चाल थी, वक़्त आने पर ज़माने ने सारे के सारे चहरे बदल डाले
#गुनी…
इंसान ही कहाँ था वो, जिसने गहरी बुनियाद के रिश्ते गहरे कुचल डाले
May 3, 2015
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इंसान ही कहाँ था वो, जिसने गहरी बुनियाद के रिश्ते गहरे कुचल डालेवक़्त की चाल थी, वक़्त आने पर ज़माने ने सारे के सारे चहरे बदल डाले
#गुनी…