मेरी दोस्ती किसी जौहरी का जेवर नहीं, कि कोई आये और लूट जायेमंजिल अलग हैं हमारी, मगर रिश्ता कमजोर नहीं जो बाहें छूट जायेअरे मैं कहता हूँ अपनी दोस्ती तो हीरा है चमकेगा सदा ही रौनक बनकरकोई खिलौना थोड़े ही है, जो तेरे कहने और मेरे कहने पर टूट जाये

#गुनी