अच्छे बुरे की पहचान कपड़ो से नहीं होती , बन्दे का ईमान बोलता है
Jun 23, 2015
लहरें खुद रास्ता बनाती हैं, उन्हें कस्तीयाँ नहीं बोलती
Jun 22, 2015
मैं हैरत में हूँ इस बात की कि रोज आईना देखकर भी खुद को कैसे नहीं पहचानते लोग
परछाई से दूर भागने पर , परछाई साथ नहीं छोड़ देती
मेरी किताब के सारे पन्नों को फाड़कर फेकने के बाद, उसने कहा, जरा आखिरी पृष्ठ की वो आखिरी दास्ताँ तो सुना दो...